संवाददाता उन्नति न्यूज़ २४
हरिद्वार। कोतवाली रानीपुर क्षेत्र में 26 अगस्त को बीएचईएल से सेवानिवृत्त कर्मचारी व प्रॉपर्टी डीलर के घर दिनदहाड़े हुई सनसनीखेज लूट का हरिद्वार पुलिस ने खुलासा कर दिया है। एसएसपी प्रमेन्द्र सिंह डोबाल के निर्देशन में सीआईयू व कोतवाली रानीपुर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में मास्टरमाइंड अजीत सहित 4 आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। पुलिस ने आरोपियों से 3 लाख रुपये नकदी, लूटी गई सोने की चैन व डायमंड अंगूठी, तीन तमंचे, एक चाकू और घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद की है।
कैसे खुला राज़?
घटना के बाद एसएसपी स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे और फिंगरप्रिंट टीम से साक्ष्य जुटवाए। पुलिस टीमों ने लगभग 1000 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और 100 संदिग्धों से पूछताछ की। आखिरकार मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने 31 अगस्त को सुमननगर रोड नंबर 3 से मास्टरमाइंड अजीत को दबोचा। उसकी निशानदेही पर बाकी तीन आरोपी भी धर लिए गए।
लूट की वजह
आरोपी अजीत पर भारी कर्ज था और बेटी की शादी भी तय थी। उसने बताया कि पीड़ित गुलवीर चौधरी से उसने 67 लाख में प्रॉपर्टी का सौदा किया था, जिसमें 10 लाख रुपये एडवांस दिए थे। सौदा पूरा न होने पर चौधरी ने जमीन वापस ले ली लेकिन 10 लाख नहीं लौटाए। इसी रंजिश में अजीत ने अपने पुराने आपराधिक संपर्क सोमपाल उर्फ छोटू और उसके साथियों के साथ लूट की योजना बनाई।
गिरफ्तार आरोपी
- अजीत पुत्र भंवर सिंह, निवासी टिहरी विस्थापित कॉलोनी, हरिद्वार (मास्टरमाइंड, उम्र 50 वर्ष)
- सोमपाल उर्फ छोटू पुत्र जसवीर सिंह, निवासी साल्हाखेड़ी थाना तितावी, मुजफ्फरनगर (UP)
- नरेश पुत्र बीर सिंह, निवासी सिकंदरपुर ककौड़ी थाना बाबूगढ़, हापुड़ (UP)
- विवेक पुत्र मनोज कुमार, निवासी नागल थाना बड़ौत, बागपत (UP) बरामदगी
1 सोने की चैन व 1 डायमंड अंगूठी
₹3 लाख नगद
2 तमंचे (315 बोर) व 4 कारतूस
1 तमंचा (12 बोर) व 2 कारतूस
1 चाकू, 1 मोटरसाइकिल (पल्सर), 1 पिट्ठू बैग
आपराधिक इतिहास
मुख्य आरोपी सोमपाल उर्फ छोटू का लंबा आपराधिक इतिहास है। उसके खिलाफ हत्या, लूट और गैंगस्टर एक्ट समेत कई मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस की सख्ती
हरिद्वार पुलिस का कहना है कि अपराधियों के दुस्साहस का माकूल जवाब दिया गया है। एसएसपी ने टीम की सराहना करते हुए कहा कि अपराधियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
जाट समाज हरिद्वार हरिद्वार पुलिस के सराहनीय कार्य के लिए धन्यवाद करता है।
